दुर्ग में साइबर ठगी के दो म्यूल अकाउंट होल्डर गिरफ्तार, 35 आरोपियों पर कार्रवाई जारी
दुर्ग। साइबर ठगी के मामलों पर शिकंजा कसते हुए दुर्ग पुलिस ने दो म्यूल अकाउंट होल्डर्स को गिरफ्तार किया है। जांच के दौरान पता चला कि इन खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी की रकम के लेन-देन में किया जा रहा था। इस मामले में अब तक 35 आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा चुकी है। गिरफ्तार दोनों आरोपी फिलहाल न्यायिक रिमांड पर हैं।
87 लाख से अधिक की साइबर ठगी का खुलासा
पुलिस जांच में सामने आया कि 112 म्यूल खातों के जरिए ₹87,22,547 की ठगी की गई थी। इन खातों का उपयोग धोखाधड़ी से प्राप्त धन को इधर-उधर ट्रांसफर करने के लिए किया जाता था।
रितेश कुमार साहू के खाते से 89,300 रुपये का लेन-देन
यह मामला 29 जनवरी 2025 को दुर्ग रेंज साइबर थाना में दर्ज किया गया था। पुलिस जांच में भिलाई सुपेला स्थित भारतीय स्टेट बैंक, रामनगर शाखा के 11 खातों में ठगी की रकम पाई गई। जांच के दौरान पुलिस ने तीन म्यूल अकाउंट धारकों को पहले गिरफ्तार किया और अब रितेश कुमार साहू (24 वर्ष) को भी गिरफ्तार कर लिया है।
रितेश कुमार के बैंक खाते में कर्नाटक के चिक्काबालापुरा से ठगी की गई रकम भेजी गई थी। इस खाते से 11 बार में कुल ₹89,300 ट्रांसफर किए गए थे। सबूत मिलने के बाद पुलिस ने उसे 3 अप्रैल 2025 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया।
अब तक 35 आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी
थाना मोहन नगर पुलिस और एसीसीयू दुर्ग की संयुक्त टीम ने म्यूल अकाउंट्स की जांच में अब तक 35 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में फरार चल रहे आरोपी रोहित कुमार बागडी (32 वर्ष) को भी गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
मोहन नगर क्षेत्र में स्थित कर्नाटका बैंक के 111 म्यूल खातों में ₹86,33,247 की साइबर ठगी की रकम का लेन-देन हुआ था। जांच में पाया गया कि विभिन्न राज्यों से ठगी की गई रकम इन खातों में जमा की जा रही थी और इसके जरिए अवैध लाभ कमाया जा रहा था।
साइबर ठगी के बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश
पुलिस ने कर्नाटका बैंक के 111 म्यूल अकाउंट होल्डर्स के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे जानबूझकर अपने खातों में साइबर ठगी से प्राप्त राशि को ट्रांसफर कर रहे थे। कुछ अकाउंट होल्डर्स ने अपने बैंक अकाउंट किराए पर भी दिए थे।
अब तक 35 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, और पुलिस इस मामले में आगे की कार्रवाई कर रही है।
