**दुर्ग में 6 साल की मासूम की हत्या: चाचा ने किया यौन उत्पीड़न, सिगरेट से दागा प्राइवेट पार्ट, कार में छिपाई लाश**

**दुर्ग में 6 साल की मासूम की हत्या: चाचा ने किया यौन उत्पीड़न, सिगरेट से दागा प्राइवेट पार्ट, कार में छिपाई लाश**  

छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। कन्या भोज के लिए गई 6 साल की एक बच्ची के साथ उसके सगे चाचा ने यौन उत्पीड़न किया और उसकी हत्या कर दी। आरोपी ने बच्ची के प्राइवेट पार्ट को सिगरेट से जलाया, इलेक्ट्रिक शॉक दिया और फिर लाश को कार की डिक्की में छिपा दिया।  




पुलिस ने इस मामले में बच्ची के चाचा को मुख्य आरोपी बनाया है। ASP सुखनंदन राठौर ने बताया कि शुरुआत में 5 लोगों को संदेह के आधार पर हिरासत में लिया गया था, लेकिन पोस्टमॉर्टम और अन्य जांच से साफ हुआ कि बच्ची के चाचा ने ही इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया।  

**क्या है पूरा मामला?**  

रविवार सुबह करीब 9 बजे बच्ची पास के मंदिर में कन्या भोज के लिए अन्य बच्चियों के साथ गई थी। जब वह घर नहीं लौटी तो परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। दिनभर की तलाश के बाद भी बच्ची का कुछ पता नहीं चला। इसी बीच संदिग्ध बादल (28) ने परिजनों को बताया कि बच्ची की लाश उसकी कार की डिक्की में है। मौके पर पहुंचे परिजनों ने लाश को बाहर निकाला, जहां बच्ची खून से सनी और बुरी हालत में मिली। उसके शरीर पर चोटों के निशान थे, चमड़ी उधड़ी हुई थी और प्राइवेट पार्ट पर जलने के निशान थे।  

परिजन उसे तुरंत दुर्ग जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने प्रारंभिक जांच में मौत की वजह इलेक्ट्रिक शॉक बताई।  

**गुस्साई भीड़ ने संदिग्ध के घर को जलाया**  

घटना से आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने देर रात संदिग्ध बादल के घर पर हमला कर आग लगा दी। घर में मौजूद लोगों ने किसी तरह अपनी जान बचाई, लेकिन बाहर खड़ी एक बाइक आग में जलकर राख हो गई। संदिग्ध के परिवार वाले पहले ही घर पर ताला लगाकर कहीं और चले गए थे। इलाके में तनाव को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।  

**मां ने की कड़ी सजा की मांग**  

बच्ची की मां ने रोते हुए बताया कि उनकी बेटी रामनवमी के दिन सुबह हंसते-खेलते कन्या भोज के लिए निकली थी, लेकिन उसकी लाश मिली। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त सजा की मांग की है।  

**संदिग्धों का होगा ब्लड और सीमन टेस्ट**  

पुलिस ने बादल सहित 5 संदिग्धों को हिरासत में लिया था, जिनमें बच्ची के कुछ करीबी भी शामिल बताए जा रहे हैं। हालांकि, अभी तक उनके नाम आधिकारिक तौर पर उजागर नहीं किए गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि मामले में राजनीतिक दबाव भी हो सकता है। संदिग्ध बादल के पिता और दादा को पूछताछ के बाद छोड़ दिया गया, जबकि बाकी आरोपियों को ब्लड और सीमन टेस्ट के लिए अस्पताल भेजा गया है।



Post a Comment

Previous Post Next Post