छत्तीसगढ़ की राजनांदगांव पुलिस ने एक बड़ी साइबर ठगी का पर्दाफाश करते हुए तीन विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी खुद को संपन्न विदेशी बताकर लोगों को झांसा देकर महंगे गिफ्ट भेजने की बात कहकर ठगी करते थे। इस मामले में आरोपियों ने एक महिला से 1 लाख 23 हजार 700 रुपए की ठगी की थी। तीनों आरोपी अफ्रीकी देश नाइजीरिया और आइवरी कोस्ट के नागरिक हैं और दिल्ली में रहकर इस अपराध को अंजाम दे रहे थे।
महिला से ऑनलाइन दोस्ती कर बनाई भरोसे की जाल
मामला चिचोला पुलिस चौकी क्षेत्र का है, जहां रहने वाली एक 35 वर्षीय महिला से 5 मई को स्नैपचैट के माध्यम से Drkendrick24 और collins leo25 नाम के दो अकाउंट से संपर्क किया गया। दोनों आरोपियों ने खुद को आर्थिक रूप से सक्षम विदेशी नागरिक बताया और महिला से ऑनलाइन दोस्ती कर ली।
कुछ समय बाद उन्होंने महिला को यह कहकर प्रभावित किया कि वे उसे महंगे गिफ्ट और विदेशी करेंसी भेज रहे हैं। महिला को भरोसे में लेने के बाद उन्होंने दावा किया कि पार्सल एयरपोर्ट पर कस्टम में अटक गया है और उसे छुड़वाने के लिए पैसे देने होंगे। महिला ने उनके कहे अनुसार अलग-अलग किस्तों में कुल 1,23,700 रुपए ट्रांसफर कर दिए।
जब नहीं मिला कोई गिफ्ट, तब खुली ठगी की सच्चाई
जब काफी समय बीतने के बाद भी महिला को गिफ्ट और विदेशी मुद्रा नहीं मिली, तो उसे ठगी का अंदेशा हुआ। उसने 7 अगस्त को चिचोला पुलिस चौकी में शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने महिला की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
साइबर सेल ने तकनीकी जांच से पाया सुराग
मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर सेल की टीम को जांच सौंपी गई। तकनीकी विश्लेषण के दौरान स्नैपचैट अकाउंट और आईपी एड्रेस का पता लगाया गया। जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी दिल्ली के उत्तम नगर क्षेत्र में मौजूद हैं।
इसके बाद राजनांदगांव पुलिस ने दिल्ली पुलिस की सहायता से चाणक्य पैलेस इलाके में छापा मारा और तीन संदिग्ध विदेशी नागरिकों को हिरासत में लिया।
पूछताछ में तीनों ने कबूला अपराध
पूछताछ में एक आरोपी ने अपना नाम स्टीफन उर्फ लक्की (30) बताया, जो चाणक्य पैलेस, जनकपुरी में रहता है और मूल रूप से आइवरी कोस्ट, दक्षिण अफ्रीका का नागरिक है। पुलिस ने स्टीफन के पास से एक लैपटॉप, 8 एंड्रॉयड फोन, 5 कीपैड मोबाइल, और 5 एटीएम कार्ड जब्त किए।
स्टीफन की निशानदेही पर पुलिस ने उसके साथी किंग्सले (35) को भी गिरफ्तार किया, जो चाणक्य पैलेस के मकान नंबर 105 में रह रहा था और मूल रूप से नाइजीरिया का निवासी है। तीसरे आरोपी जॉर्ज चुक्चुमेका की गिरफ्तारी भी की गई, जो उत्तम नगर के ओम विहार फेस-1 में रह रहा था।
इंटरनेशनल सिम और फर्जी अकाउंट से करते थे ठगी
जांच में पता चला कि आरोपी फर्जी यूके आधारित इंटरनेशनल सिम का इस्तेमाल कर भारतीय महिलाओं से संपर्क करते थे और ऑनलाइन ठगी को अंजाम देते थे। ये आरोपी अलग-अलग फर्जी अकाउंट बनाकर लोगों को महंगे गिफ्ट और विदेशी मुद्रा का लालच देते थे और फिर उनसे कस्टम, टैक्स, और अन्य चार्ज के नाम पर पैसे ऐंठते थे।
दूतावास को दी गई जानकारी, आरोपी जेल भेजे गए
राजनांदगांव के पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग ने बताया कि तीनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है। साथ ही नाइजीरिया और दक्षिण अफ्रीका के दूतावास को भी इस गिरफ्तारी की जानकारी दे दी गई है। तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
पुलिस आम नागरिकों से अपील कर रही है कि वे किसी भी अनजान विदेशी व्यक्ति के लालच में न आएं और किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन बातचीत की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
